भोपाल।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल स्थित विधायक विश्राम गृह में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाली एक बड़ी चोरी की घटना सामने आई है। मऊगंज विधानसभा क्षेत्र से विधायक Pradeep Patel को आवंटित आवास में अज्ञात चोरों ने दिनदहाड़े सेंध लगाकर लैपटॉप, कीमती घड़ी और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज चोरी कर लिए। घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
नाश्ता करने बाहर गए थे निज सचिव
जानकारी के अनुसार मालवीय नगर स्थित विधायक विश्राम गृह के खंड क्रमांक-3 की तीसरी मंजिल पर फ्लैट क्रमांक-74 विधायक प्रदीप पटेल को आवंटित है। इस फ्लैट में उनके निज सचिव रमानंद पटेल निवास करते हैं। रविवार सुबह करीब 10 बजे वह नाश्ता करने के लिए बाहर गए थे। बताया जा रहा है कि बाहर जाते समय उन्होंने दरवाजे की कुंडी लगाई थी, लेकिन ताला नहीं लगाया था।
इसी दौरान अज्ञात चोर फ्लैट में घुस गए और वहां रखा लैपटॉप, एक महंगी घड़ी तथा कई महत्वपूर्ण दस्तावेज चोरी कर फरार हो गए।
लौटने पर खुला मिला दरवाजा
करीब एक घंटे बाद जब रमानंद पटेल वापस लौटे तो उन्होंने देखा कि फ्लैट का दरवाजा खुला हुआ है और अंदर रखा सामान बिखरा पड़ा है। जांच करने पर लैपटॉप, घड़ी और अन्य जरूरी दस्तावेज गायब मिले। इसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई।
अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज
शिकायत मिलने पर Arera Hills Police Station पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ चोरी का प्रकरण दर्ज कर लिया है। पुलिस घटनास्थल के आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और चोरी गए सामान की जानकारी जुटाई जा रही है।
विधायक विश्राम गृह में नहीं हैं सीसीटीवी कैमरे
मामले की जांच के दौरान एक और चौंकाने वाली बात सामने आई है। थाना प्रभारी सुनील शर्मा के अनुसार केवल संबंधित फ्लैट ही नहीं, बल्कि पूरे विधायक विश्राम गृह परिसर में कहीं भी सीसीटीवी कैमरे स्थापित नहीं हैं। ऐसे में चोर किस रास्ते से अंदर आए और चोरी के बाद किस दिशा में फरार हुए, इसका पता लगाना पुलिस के लिए चुनौती बन गया है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
राजधानी भोपाल के उस परिसर में, जहां प्रदेशभर के विधायक ठहरते हैं, वहां सीसीटीवी जैसी बुनियादी सुरक्षा व्यवस्था का अभाव गंभीर चिंता का विषय बन गया है। घटना के बाद विधायक विश्राम गृह की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधियों के आवासीय परिसर में भी यदि पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं हैं तो आम नागरिकों की सुरक्षा व्यवस्था का अंदाजा लगाया जा सकता है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और चोरों की तलाश के प्रयास जारी हैं।


